
इलाके में सामने आए चर्चित ‘ड्रम मर्डर’ मामले में नया मोड़ तब आया, जब आरोपी बेटे अक्षत प्रताप सिंह ने कोर्ट ले जाते समय मीडिया के सवाल पर कहा—“गलती से हो गया।” यह मामला अपनी क्रूरता और पारिवारिक पृष्ठभूमि के कारण पूरे प्रदेश में चर्चा का विषय बना हुआ है।
क्या है पूरा मामला?
पुलिस के अनुसार, 20 फरवरी की सुबह करीब 4:30 बजे पिता मनवेन्द्र सिंह की गोली लगने से मौत हुई। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि पिता-पुत्र के बीच पढ़ाई, करियर और पारिवारिक व्यवसाय को लेकर तनाव चल रहा था।
आरोप है कि विवाद के दौरान लाइसेंसी राइफल से गोली चलाई गई। इसके बाद शव को घर के एक कमरे में ले जाकर ठिकाने लगाने की कोशिश की गई। पुलिस ने घर की तलाशी के दौरान एक प्लास्टिक ड्रम से शव का हिस्सा बरामद किया।
कैसे हुआ खुलासा?
पुलिस को पिता की गुमशुदगी की सूचना मिली थी। जांच के दौरान परिस्थितियां संदिग्ध लगीं, जिसके बाद घर की तलाशी ली गई। तलाशी में महत्वपूर्ण सबूत मिले और आरोपी को हिरासत में लिया गया। राइफल, कारतूस और अन्य साक्ष्य भी जब्त किए गए हैं।
आरोपी का बयान
कोर्ट में पेशी के दौरान मीडिया द्वारा पूछे गए सवाल पर अक्षत ने कहा—
“गलती से हो गया।”
हालांकि पुलिस का कहना है कि मामले के सभी पहलुओं की गहन जांच की जा रही है। शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भेजा गया है और फॉरेंसिक रिपोर्ट का इंतजार है।
किन धाराओं में मामला दर्ज?
पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (BNS) और आर्म्स एक्ट की संबंधित धाराओं में मामला दर्ज किया है। आरोपी को न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है।
उठ रहे सवाल
यह घटना पारिवारिक तनाव, संवाद की कमी और मानसिक दबाव जैसे मुद्दों पर गंभीर प्रश्न खड़े कर रही है। विशेषज्ञों का मानना है कि परिवारों में संवाद और भावनात्मक सहयोग बेहद जरूरी है, ताकि ऐसे हालात न बनें।
