
झारखंड बनेगा औद्योगिक शक्ति: शिक्षा और कौशल विकास के लिए जिंदल फाउंडेशन और सरकार में बड़ी साझेदारी।
रांची। झारखंड की तरक्की और वहां के युवाओं को बेहतर भविष्य देने के लिए जिंदल फाउंडेशन और राज्य सरकार के बीच एक बड़ी साझेदारी होने जा रही है। लंदन में मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन की मौजूदगी में फाउंडेशन ने अपनी योजना (EOI) पेश की।
क्या है पूरी योजना
1. पढ़ाई और रिसर्च पर जोर
- नए विषय: फाउंडेशन पब्लिक पॉलिसी (जनहित के नियम), कानून और जलवायु परिवर्तन जैसे विषयों पर रिसर्च में मदद करेगा।
- रिसर्च सेंटर (Center of Excellence): IIT-ISM धनबाद और BIT सिंदरी जैसे बड़े कॉलेजों के साथ मिलकर एक केंद्र बनाया जाएगा। यहां स्टील और खनिज (Minerals) से जुड़ी नई तकनीकों पर काम होगा।
2. छात्रों के लिए छात्रवृत्ति (Scholarship)
- खर्च : स्कॉलरशिप का आधा पैसा सरकार देगी और आधा जिंदल फाउंडेशन।
- किसे मिलेगा फायदा: गरीब मेधावी छात्र-छात्राओं को कानून और मैनेजमेंट की पढ़ाई के लिए आर्थिक मदद मिलेगी।
- खिलाड़ियों के लिए खास मौका: सिर्फ मैदान पर अच्छा खेलने के लिए ही नहीं, बल्कि खिलाड़ियों की उच्च शिक्षा (Higher Education) के लिए भी मदद दी जाएगी ताकि पैसे की कमी उनकी पढ़ाई में बाधा न बने।
3. अधिकारियों की ट्रेनिंग
- JPSC अधिकारियों के लिए: हर साल झारखंड के करीब 30 प्रशासनिक और पुलिस अधिकारियों (JPSC) को साल में दो बार खास ट्रेनिंग दी जाएगी। इससे सरकारी कामकाज का स्तर और बेहतर होगा।
4. रोजगार और विकास
- स्टील हब: रामगढ़ और पतरातू अब बड़े ‘स्टील हब’ बन रहे हैं। वहां काम करने के लिए कुशल लोगों (Skilled Manpower) की जरूरत है।
- उद्देश्य: इस पहल से राज्य के लोगों को हुनरमंद बनाया जाएगा, जिससे उन्हें अच्छी नौकरियां मिलें और झारखंड का ‘मानव विकास सूचकांक’ (HDI) ऊपर बढ़ सके।
