Close Menu
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Buy SmartMag Now
    • Privacy & Policy
    • Terms & Conditions
    Facebook X (Twitter) Instagram
    News Box Bharat
    • Hindi News
    • News
      • Sport
      • Health
      • Videos
      • Technology
      • Entertainment
    • Sport
    • Videos
    • Politics
    • Latest
    • Business
    • Economy
    • World
    Subscribe
    News Box Bharat
    Home»News»सीएम हेमंत सोरेन का राज्यवासियों से आग्रह- जहां घर बनाएं | वहां कम से कम एक पेड़ जरूर लगाएं
    News

    सीएम हेमंत सोरेन का राज्यवासियों से आग्रह- जहां घर बनाएं | वहां कम से कम एक पेड़ जरूर लगाएं

    News Box BharatBy News Box BharatAugust 7, 2024Updated:August 7, 20244 Mins Read
    Jharkhand districts news | jharkhand latest news | jharkhand latest hindi news | jharkhand news box bharat
    Buy Ad Space

    वन महोत्सव : जब प्रकृति सुरक्षित रहेगी तभी मानव जीवन का अस्तित्व रहेगा

    रांची। झारखंड में जल- जंगल और जमीन हमेशा से ही हमारे जीने का जरिया रहा है। लेकिन, सदियों से चली आ रही ये व्यवस्था अन्धाधुन्ध विकास और शहरीकरण की दौड़ में पीछे छूटती जा रही है। आज हरे -भरे पेड़ों से आच्छादित जंगल की जगह कंक्रीट के जंगल ने ले ली है। इसका सीधा असर हमारे पर्यावरण पर पड़ रहा है। प्राकृतिक संतुलन बिगड़ रहा है। अगर हम अब भी नहीं चेते तो इसके गंभीर परिणाम भुगतने को तैयार रहना होगा। आज जरूर इस बात की है कि पर्यावरण संरक्षण की खातिर ज्यादा से ज्यादा पेड़ लगाने के अभियान का हम हिस्सा बनें और पेड़ों को बचने का संकल्प लें। सभी के सहयोग और भागीदारी से प्राकृतिक व्यवस्था को संरक्षित मानव जीवन को सुरक्षित रख सकते हैं। मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन आज वन, पर्यावरण एवं जलवायु परिवर्तन विभाग की ओर से भारतीय कृषि जैव प्रौद्योगिकी संस्थान, गढ़खटंगा रांची में आयोजित 75वां वन महोत्सव 2024 को संबोधित करते हुए ये बातें कही। मुख्यमंत्री ने इस अवसर पर वृक्षारोपण कर पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया।

    जीवन शैली में लाना होगा बदलाव, पेड़ों से करनी होगी दोस्ती

    मुख्यमंत्री ने कहा कि आज जिस तरह से पर्यावरण संरक्षण को चुनौती मिल रही है, वह मनुष्य, जीव- जंतु और पूरी प्राकृतिक व्यवस्था के अस्तित्व पर खतरा बनता जा रहा है। ऐसे में हमें तय करना है कि हम प्रकृति के साथ मिलकर अथवा प्रकृति से छेड़छाड़ कर विकास के रास्ते पर आगे बढ़ें। अगर प्रकृति के साथ चलना है तो हमें अपनी जीवन शैली में बदलाव लाना होगा । पेड़ों से दोस्ती करनी होगी और उन्हें बचाने की जिम्मेदारी निभानी होगी । उन्होंने लोगों से कहा कि वे घर बनाते हैं तो उससे पहले वहां एक पेड़ जरूर लगाएं। अगर हर व्यक्ति पेड़ लगाने और पेड़ बचाने की ठान ले तो निश्चित तौर पर हम पर्यावरण को संरक्षित रख पाएंगे।

    ज्यादा से ज्यादा पेड़ लगाएं

    मुख्यमंत्री ने कहा कि आज प्राकृतिक असंतुलन और पर्यावरण के साथ छेड़छाड़ की वजह से बाढ़ और सुखाड़ जैसे कई प्राकृतिक आपदाओं का सामना करना पड़ रहा है। मौसम चक्र में बदलाव से कृषि प्रभावित हो रही है। ऐसे में जरूरत इस बात की है कि प्राकृतिक व्यवस्था का कम से कम नुकसान कैसे हो, इस दिशा में हम सभी आगे बढ़े। इसके लिए जरूरी है कि ज्यादा से ज्यादा पेड़ लगाएं , ताकि प्राकृतिक व्यवस्था को जो नुकसान हो चुका है, उसकी थोड़ी सी भी भरपाई हो सके।

    हम सभी वन महोत्सव का हिस्सा बने

    हेमंत सोरेन ने कहा कि एक ऐसा भी वक्त था, जब झारखंड जैसे प्रदेश में वन महोत्सव मनाने की कोई जरूरत नहीं थी। पूरा राज्य हरे-भरे पेड़ों से आच्छादित था। चारों तरफ जंगल ही जंगल दिखते थे। लेकिन, विकास की रफ्तार जैसे-जैसे बढ़ती गई, जंगल सिमटते चले गए और इसका सीधा असर पर्यावरण पर पड़ा। यही वजह है कि आज वन महोत्सव मनाने की एक परंपरा की शुरुआत हुई, जो आज भी चली आ रही है । यह समय की भी मांग है कि हम सभी वन महोत्सव का हिस्सा बनें और ज्यादा से ज्यादा पेड़ लगाने की मुहिम में अपनी भागीदारी निभाएं।

    सालों भर वृक्षारोपण का अभियान चलना चाहिए

    मुख्यमंत्री ने इस बात पर जोर दिया कि पेड़ लगाने का अभियान सिर्फ बारिश के मौसम तक सिमट कर नहीं रहना चाहिए। जाड़ा, गर्मी और बरसात हर मौसम में उस मौसम के अनुकूल पेड़ लगाने की मुहिम चलनी चाहिए। पेड़ लगाने का सतत अभियान कभी नहीं रुकना चाहिए।

    वन समिति के सदस्य सम्मानित

    इस अवसर पर वनों के संवर्धन और विकास के क्षेत्र में बेहतर योगदान करने वाले वन समिति के सदस्यों को सीएम ने पुरस्कार राशि देकर सम्मानित किया। इस मौके पर उन्होंने वन, पर्यावरण एवं जलवायु परिवर्तन विभाग के कॉफी टेबल बुक का भी लोकार्पण किया। मुख्यमंत्री ने भारतीय कृषि जैव प्रौद्योगिकी संस्थान आने वाले लोगों को परिसर का भ्रमण करने हेतु चार लाभुकों को बैट्री ऑपरेटेड ऑटो प्रदान किया। वन महोत्सव में कृषि मंत्री दीपिका पांडेय सिंह, विधायक राजेश कच्छप, मुख्यमंत्री के अपर मुख्य सचिव अविनाश कुमार, वन पर्यावरण एवं जलवायु परिवर्तन विभाग की प्रधान सचिव वंदना दादेल, प्रधान मुख्य वन संरक्षक संजय श्रीवास्तव एवं वन, पर्यावरण एवं जलवायु परिवर्तन विभाग के कई वरीय अधिकारी उपस्थित थे।

    Forest Festival Jharkhand Cm Hemant Soren
    Previous Articleहेमंत सोरेन का प्रयास ला रहा रंग : मानव तस्करी के शिकार 10 वर्ष से लापता बालक को दिल्ली में कराया गया मुक्त
    Next Article हेमंत कैबिनेट : केंद्रीय एजेंसी के मामलो को अब मंत्रिमंडल देखेगा | मानकी मुंडा ग्राम प्रधान की राशि में वृद्धि

    Explore More

    March 21, 20263 Mins Read

    सरहुल पर्व पर सीएम हेमंत सोरेन ने की पूजा, बोले—प्रकृति है तो जीवन है

    March 20, 20262 Mins Read

    CM हेमंत सोरेन पर बयान पड़ा भारी | पूर्व मंत्री योगेंद्र साव 3 साल के लिए कांग्रेस पार्टी से निष्कासित

    March 19, 20263 Mins Read

    त्योहारों पर सख्त सरकार: भड़काऊ गानों पर ब्रेक | 24 घंटे अलर्ट पुलिस | झारखंड में हाई सिक्योरिटी

    Sponsored

    Fire-boltt Dhoni
    Latest Hindi News
    • रांची के कांके डैम के पास मुठभेड़, शूटर सत्यम पाठक के पैरों में लगी गोली April 22, 2026
    • लोकसभा में बड़ा झटका: संविधान (131वां संशोधन) विधेयक 2026 पास नहीं, महिलाओं के आरक्षण पर अटका फैसला April 17, 2026
    • झारखंड में लोकायुक्त की नियुक्ति, Justice Amitabh Kumar Gupta संभालेंगे पद April 16, 2026
    • BIG BREAKING: रांची में करोड़ों का वेतन घोटाला! सरकारी कर्मचारी ने उड़ाए 2.9 करोड़ रुपये April 14, 2026
    • 108 फीट हनुमान प्रतिमा के साथ तैयार हो रहा विशाल धाम, रांची से होगी शुरुआत April 14, 2026
    • Nitish Kumar Resigns: अब बिहार की कमान संभालेंगे सम्राट चौधरी April 14, 2026
    • रांची में निजी स्कूलों पर सख्ती: फीस, यूनिफॉर्म और किताबों को लेकर प्रशासन का बड़ा एक्शन April 13, 2026
    • रांची में पेपर लीक कांड का बड़ा खुलासा: 164 गिरफ्तार, सॉल्वर गैंग पकड़ा गया April 12, 2026
    • दिग्गज गायिका आशा भोसले का निधन, 92 साल की उम्र में दुनिया को कहा अलविदा April 12, 2026
    • अमेरिका-ईरान वार्ता फेल: 21 घंटे की बातचीत बेनतीजा, फिर बढ़ा युद्ध का खतरा April 12, 2026
    Categories
    Facebook X (Twitter) Instagram Pinterest
    • Privacy & Policy
    • Terms & Conditions
    © 2026 ThemeSphere. Designed by ThemeSphere.

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.