
ट्विशा शर्मा डेथ केस में बड़ा अपडेट सामने आया है। AIIMS दिल्ली की पांच सदस्यीय मेडिकल बोर्ड ने अपनी अंतिम फॉरेंसिक रिपोर्ट में ट्विशा शर्मा की मौत को आत्महत्या बताया है। रिपोर्ट में शरीर पर किसी तरह के शारीरिक हमले या संघर्ष के महत्वपूर्ण मेडिको-लीगल सबूत नहीं मिलने की बात कही गई है।
AIIMS की 11 पेज की रिपोर्ट CBI को सौंपी गई
AIIMS मेडिकल बोर्ड ने अपनी 11 पेज की अंतिम रिपोर्ट 10 जुलाई को सीलबंद लिफाफे में CBI को सौंपी थी। रिपोर्ट तैयार करने के दौरान मेडिकल टीम ने पोस्टमार्टम से जुड़े सभी पहलुओं के साथ लैब और हिस्टोपैथोलॉजिकल जांच का भी अध्ययन किया।
फॉरेंसिक जांच में जिमनास्टिक्स बेल्ट से जुड़े विवाद पर भी बोर्ड ने अपनी राय दी। बेल्ट पर ट्विशा के स्किन टिश्यू मिलने की बात रिपोर्ट में सामने आई है, जो गर्दन पर मौजूद चोटों से मेल खाती है।
डॉ. सुधीर गुप्ता ने क्या कहा?
AIIMS के फॉरेंसिक मेडिसिन विभाग के प्रमुख डॉ. सुधीर गुप्ता के मुताबिक मेडिकल बोर्ड ने मामले की हर संभावित दिशा से जांच की। उन्होंने बताया कि करीब एक महीने तक राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय मेडिकल जर्नल्स का अध्ययन करने के बाद वैज्ञानिक आधार पर विस्तृत राय तैयार की गई।
उनके अनुसार, बोर्ड की रिपोर्ट CBI और न्यायपालिका के लिए स्पष्ट मेडिकल राय उपलब्ध कराती है।
12 मई को ससुराल में मिली थी ट्विशा
33 वर्षीय ट्विशा शर्मा 12 मई 2026 को भोपाल के कटारा हिल्स स्थित अपने ससुराल में फांसी पर लटकी मिली थीं। उनकी शादी दिसंबर 2025 में वकील समर्थ सिंह से हुई थी।
ट्विशा के परिवार ने दहेज उत्पीड़न और जांच में लापरवाही के आरोप लगाए थे। मामले को लेकर विवाद बढ़ने के बाद मध्य प्रदेश हाईकोर्ट के निर्देश पर AIIMS दिल्ली से दोबारा पोस्टमार्टम कराया गया और जांच CBI को सौंप दी गई।
CBI ने दाखिल की 636 पेज की चार्जशीट
इस मामले में आज CBI ने भोपाल की स्पेशल कोर्ट में 636 पेज की चार्जशीट दाखिल की है। चार्जशीट में पति समर्थ सिंह और उनकी मां, रिटायर्ड जज गिरिबाला सिंह के खिलाफ दहेज, क्रूरता, आत्महत्या के लिए उकसाने और दहेज निषेध कानून के तहत आरोप लगाए गए हैं।
जांच में जबरन गर्भपात और सबूत छिपाने से जुड़े आरोपों को भी शामिल किया गया है।
हालांकि, CBI की जांच में ट्विशा की हत्या किए जाने का कोई सबूत नहीं मिला है।
AIIMS रिपोर्ट और CBI चार्जशीट में क्या सामने आया?
- AIIMS मेडिकल बोर्ड ने मौत को आत्महत्या बताया।
- शरीर पर शारीरिक हमले के महत्वपूर्ण सबूत नहीं मिले।
- जिमनास्टिक्स बेल्ट से जुड़े फॉरेंसिक विवाद की जांच की गई।
- बेल्ट पर त्वचा के ऊतक मिलने की बात सामने आई।
- CBI ने 636 पेज की चार्जशीट दाखिल की।
- पति और सास के खिलाफ दहेज और क्रूरता समेत कई आरोप लगाए गए।
- CBI को हत्या का सबूत नहीं मिला।
आगे क्या होगा?
AIIMS की मेडिकल रिपोर्ट में आत्महत्या की पुष्टि होने के बावजूद मामला खत्म नहीं हुआ है। CBI ने चार्जशीट में दहेज उत्पीड़न, क्रूरता और आत्महत्या के लिए उकसाने समेत गंभीर आरोप लगाए हैं। अब इन आरोपों पर अदालत में आगे की कानूनी प्रक्रिया होगी।
नोट: मामले से जुड़े आरोप अदालत में विचाराधीन हैं और अंतिम दोषसिद्धि न्यायिक प्रक्रिया पूरी होने के बाद ही तय होगी।
