
योग और आयुर्वेद के क्षेत्र में पहचान बना चुकी पतंजलि आयुर्वेद अब वित्तीय सेवाओं के कारोबार में भी उतरने जा रही है। भारतीय बीमा नियामक IRDAI (Insurance Regulatory and Development Authority of India) ने पतंजलि आयुर्वेद और डीएस ग्रुप को Magma General Insurance के अधिग्रहण की मंजूरी दे दी है। करीब ₹4,500 करोड़ की इस डील के बाद पतंजलि पहली बार इंश्योरेंस सेक्टर में कदम रखेगी।
73.6% हिस्सेदारी के साथ प्रमोटर बनेगी पतंजलि
इस सौदे के तहत पतंजलि आयुर्वेद Magma General Insurance में 73.6% हिस्सेदारी खरीदेगी, जबकि DS ग्रुप (रजनीगंधा) करीब 24.5% हिस्सेदारी का अधिग्रहण करेगा। कंपनी की मौजूदा प्रमुख हिस्सेदार Sanoti Properties (आदार पूनावाला समूह) अपनी हिस्सेदारी बेच रही है।
IRDAI ने इस अधिग्रहण को 28 जुलाई 2026 को मंजूरी दी है, जो तीन महीने तक वैध रहेगी। इस अवधि के भीतर लेनदेन पूरा किया जाएगा।
Magma General Insurance की मजबूत वित्तीय स्थिति
Magma General Insurance ने पिछले कुछ वर्षों में लगातार बेहतर प्रदर्शन किया है।
- FY21 से FY25 के बीच कंपनी का Gross Direct Premium 22% की CAGR दर से बढ़कर ₹3,334 करोड़ तक पहुंच गया।
- इसी अवधि में उद्योग की औसत वृद्धि लगभग 10% रही।
- FY25 में कंपनी घाटे से बाहर निकलकर ₹1 करोड़ का शुद्ध लाभ दर्ज करने में सफल रही।
- FY26 के पहले नौ महीनों में कंपनी का शुद्ध लाभ ₹27 करोड़ रहा।
- कंपनी का सॉल्वेंसी मार्जिन 1.81 गुना है, जो नियामकीय आवश्यकता से बेहतर माना जाता है।
70 से अधिक बीमा उत्पाद उपलब्ध
Magma General Insurance फिलहाल 70 से अधिक जनरल इंश्योरेंस प्रोडक्ट्स उपलब्ध कराती है। इनमें शामिल हैं:
- मोटर इंश्योरेंस
- हेल्थ इंश्योरेंस
- प्रॉपर्टी इंश्योरेंस
- कमर्शियल और अन्य जनरल इंश्योरेंस योजनाएं
ग्रामीण बाजार पर रहेगा पतंजलि का फोकस
पतंजलि अपने देशभर में फैले करीब 2 लाख बिक्री केंद्रों, बड़े रिटेल आउटलेट्स और 250 से अधिक मेगा स्टोर्स के जरिए Magma General Insurance के उत्पादों को ग्रामीण और अर्ध-शहरी क्षेत्रों तक पहुंचाने की योजना बना रही है। इससे उन इलाकों में बीमा सेवाओं की पहुंच बढ़ने की उम्मीद है, जहां अभी भी इंश्योरेंस कवरेज अपेक्षाकृत कम है।
वित्तीय सेवाओं में पतंजलि की नई शुरुआत
FMCG और आयुर्वेदिक उत्पादों के बाद इंश्योरेंस कारोबार में प्रवेश पतंजलि के लिए एक बड़ा रणनीतिक विस्तार माना जा रहा है। विशेषज्ञों का मानना है कि कंपनी का व्यापक वितरण नेटवर्क और ब्रांड पहचान बीमा कारोबार को तेजी से बढ़ाने में मदद कर सकती है। अब बाजार की नजर इस बात पर रहेगी कि पतंजलि इस नए सेक्टर में कितना प्रभाव छोड़ पाती है।
