
तमिलनाडु के तिरुवल्लुर जिले में स्थित St. Peter & Paul Sea Food Export Pvt. Ltd. फैक्ट्री में 21 जून को हुए अमोनिया गैस रिसाव हादसे में अब तक 16 लोगों की मौत हो चुकी है। मृतकों में 13 ओडिशा, 2 असम और 1 झारखंड के प्रवासी मजदूर शामिल हैं। 26 से अधिक घायल अब भी अस्पताल में भर्ती हैं।
जानकारी के अनुसार, फैक्ट्री की रेफ्रिजरेशन यूनिट की अमोनिया पाइपलाइन फटने से जहरीली गैस पूरे परिसर में फैल गई। उस समय कई महिला कर्मचारी पहली मंजिल पर सो रही थीं, जबकि नीचे पुरुष कर्मचारी काम कर रहे थे। गैस फैलते ही अफरा-तफरी मच गई। कई कर्मचारियों ने अपनी जान जोखिम में डालकर साथियों को बाहर निकाला।
हादसे के बाद पुलिस ने फैक्ट्री के मालिक, मैनेजर और अन्य जिम्मेदार लोगों को गिरफ्तार कर लिया है। तमिलनाडु सरकार ने फैक्ट्री को स्थायी रूप से बंद करने की सिफारिश की है और राज्य की सभी खतरनाक केमिकल फैक्ट्रियों की सुरक्षा जांच के आदेश दिए हैं। राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग (NHRC) ने भी इस मामले में नोटिस जारी किया है।
यह हादसा एक बार फिर औद्योगिक सुरक्षा और प्रवासी मजदूरों की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर रहा है। सरकार ने मामले की विस्तृत जांच शुरू कर दी है।
